रीवा रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में 31 हजार करोड़ के मिले प्रस्ताव

रीवा रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में 31 हजार करोड़ के मिले प्रस्ताव
रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव से बदलेगी औद्योगिक विकास की फिजा
रीवा 21 नवम्बर 2024. औद्योगिक विकास निगम द्वारा रीवा में पहली बार रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने गत 23 अक्टूबर को कृष्णा राजकपूर ऑडिटोरियम रीवा में आयोजित इस कॉन्क्लेव का शुभारंभ किया। इसमें शामिल देश के कई नामचीन उद्योगपतियों तथा निवेशकों से मुख्यमंत्री डॉ यादव ने विन्ध्य क्षेत्र में निवेश के लिए स्वयं संवाद किया। रीवा में कॉन्क्लेव के लिए सबसे शानदार व्यवस्थाएँ की गयी। रीवा में कान्क्लेव में 31 हजार करोड़ के निवेश के प्रस्ताव मिले। रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव रीवा के औद्योगिक विकास के लिए क्रांतिकारी कदम साबित होगा। इसमें भाग लेने के लिए पूरे प्रदेश से 4 हजार से अधिक उद्यमियों ने पंजीयन कराया। इसमें 10 राज्यों के निवेशकों ने भागीदारी की साथ ही 300 से अधिक वायरसेलर मीटिंग की गयी। कार्यक्रम में 150 से अधिक विशिष्ट अतिथियों ने भाग लिया।
रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में भाग लेने वाले सभी उद्योगपतियों ने मध्यप्रदेश की औद्योगिक नीति तथा सकारात्मक वातावरण की प्रशंसा की। मध्यप्रदेश में सिद्धार्थ इंफाटेक 12 हजार 800 करोड़ रूपये, ऋत्विक प्रोजेक्ट 4 हजार करोड़ रूपये, केजीएस सीमेंट 14 हजार करोड़ रूपये, पतंजलि ग्रुप एक हजार करोड़ रूपये, रामा ग्रुप 500 करोड़ रूपये, सोलर एएमसी सर्विस प्रा.लि. 400 करोड़ रूपये, बीपीसीएल पेट्रोकेमिकल 300 करोड़ रूपये के निवेश का प्रस्ताव दिया है। साथ ही शारदा मिनरल्स ग्रुप 225 करोड़ रूपये, एस गोयनका ग्रुप में 200 करोड़ रूपये, शिव शक्ति कंस्ट्रक्शन कंपनी 175 करोड़ रूपये, अडानी ग्रुप ने सिंगरौली में 2528 करोड़ रूपये, जयप्रकाश पावर बेंचर 750 करोड़ रूपये, एनटीपीसी ने सोलर प्लांट के लिए 103 करोड़ रूपये, अल्ट्राटेक सीमेंट लिमिटेड मैहर में तीन हजार करोड़ रूपये तथा निसर्ग इस्पात सीधी में एक हजार करोड़ रूपये तथा अन्य उद्योगों में 2063 करोड़ रूपये के निवेश के प्रस्ताव मिले हैं। इनसे लगभग 30 हजार लोगों को रोजगार का अवसर मिलेगा।
रीवा में पांचवीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव से विन्ध्य के विकास को नई दिशा मिलेगी। निर्यात को बढ़ावा देने के लिए सिंगरौली और कटनी में कन्टेनर डिपो बनाये जायेंगे। रीवा एवं सतना में नवीन औद्योगिक क्षेत्रों तथा सिंगरौली, सीधी, मऊगंज और मैहर में एमएसएमई विभाग के औद्योगिक क्षेत्र खोले जायेंगे। पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विन्ध्य क्षेत्र की पर्यटन संभावनाओं का व्यापक प्रचार प्रसार किया जायेगा। विन्ध्य में उत्तरप्रदेश और मध्यप्रदेश का संयुक्त सोलर ग्रिप स्थापित किया जायेगा। इससे प्राप्त बिजली का दोनों प्रदेशों में आवश्यकता के अनुसार उपयोग होगा। रीवा में 10 मंजिला आईटी पार्क निर्माण का शिलान्यस किया गया। रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव से विन्ध्य की औद्योगिक फिजा बदलेगी। विन्ध्य में तेजी से हो रहे अधोसंरचना का लाभ उद्योग के क्षेत्र को भी मिलेगा। रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का आयोजन औद्योगिक विकास निगम के लिए इस वर्ष की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक है।