त्रिपुरा, नागालैंड, मेघालय मे भाजपा को ऐतिहासिक सफलता

पूर्वोत्तर के 3 राज्यों मेघालय, नगालैंड और त्रिपुरा में शनिवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतगणना हुई।त्रिपुरा में भाजपा गठबंधन ने दो तिहाई बहुमत हासिल कर लिया है।वहीं मेघालय और नगालैंड में किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है लेकिन यहां भाजपा अपने सहयोगी दलों तथा निर्दलीयों की मदद से सरकार बनाने मे सक्षम है।

पूर्वोत्तर की सियासत में एक बड़ा उलटफेर हुआ जब भारतीय जनता पार्टी त्रिपुरा में शून्य से शिखर तक पहुंची। ये पीएम मोदी का करिश्मा ही था जिसके सहारे उत्तर पूर्व में कमल खिल पाया है।  उत्तर-पूर्व में भाजपा की जीत पर कार्यकर्ताओं ने पीएम नरेंद्र मोदी का भाजपा मुख्यालय में भव्य स्वागत किया। पार्टी के लिए मौका बड़ा था।पीएम ने पार्टी जीत को पार्टी कार्यकर्ताओं को समर्पित किया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने प्रभावशाली भाषणों के लिए जाने जाते हैं। संसद से लेकर सड़क तक उन्होंने एक बार फिर ये साबित कर दिया है कि तीखे भाषण देने का उनका हथियार कुंद नहीं पड़ा है। मोदी जाति-जमात की बात नहीं करते, वो विकास की बात करते हैं. विकास को ही चुनावी मुद्दा बनाया, जो उत्तर-पूर्व के जनमानस को छू गया. विकास के हर पायदान में पिछड़े राज्य

पूर्वोत्तर के 3 राज्यों मेघालय, नगालैंड और त्रिपुरा में शनिवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतगणना हुई. त्रिपुरा में भाजपा गठबंधन ने दो तिहाई बहुमत हासिल कर लिया है. वहीं मेघालय और नगालैंड में किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है.

पूर्वोत्तर की सियासत में एक बड़ा उलटफेर हुआ जब भारतीय जनता पार्टी त्रिपुरा में शून्य से शिखर तक पहुंची. ये पीएम मोदी का करिश्मा ही था जिसके सहारे उत्तर पूर्व में कमल खिल पाया है. हर पार्टी के अपने नायक चुनावी मैदान में थे. इन सबके बीच से कैसे मोदी महानायक बनकर एक बार फिर सामने आए हैं. उत्तर-पूर्व में भाजपा की जीत पर कार्यकर्ताओं ने पीएम नरेंद्र मोदी का भाजपा मुख्यालय में भव्य स्वागत किया. पार्टी के लिए मौका बड़ा था. पीएम ने पार्टी जीत को पार्टी कार्यकर्ताओं को समर्पित किया. पीएम ने कांग्रेस पार्टी पर भी हमला बोला.

अपने लिए राजनीति की नई लकीर खींचने का माद्दा अगर कोई रखता है, तो वो मोदी हैं. ये चुनाव इसलिए भी अहम माना जा रहा था, क्योंकि इसे पीएम मोदी के उठाए गए अहम कदमों का टेस्ट भी माना जा रहा था. जाहिर है 3 राज्यों के ये चुनाव प्रधानमंत्री मोदी के लिए एक अग्निपरीक्षा बन गए थे.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने प्रभावशाली भाषणों के लिए जाने जाते हैं. संसद से लेकर सड़क तक उन्होंने एक बार फिर ये साबित कर दिया है कि तीखे भाषण देने का उनका हथियार कुंद नहीं पड़ा है. मोदी जाति-जमात की बात नहीं करते, वो विकास की बात करते हैं। विकास को ही चुनावी मुद्दा बनाया, जो उत्तर-पूर्व के जनमानस को छू गया। विकास के हर पायदान में पिछड़े राज्य के लोगों ने खुलकर मतदान किया और बीजेपी की जीत सुनिश्चित कर दी।

लोगों ने खुलकर मतदान किया और बीजेपी की जीत सुनिश्चित कर दी।

Facebook Comments Box

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *