दस्तक अभियान में हर शिशु के स्वास्थ्य की जाँच करें – डॉ सोनवड़े

दस्तक अभियान में हर शिशु के स्वास्थ्य की जाँच करें – डॉ सोनवड़े
दस्तक अभियान को सफल बनाने के लिए समन्वय से प्रयास करें – डॉ सोनवड़े
रीवा 21 जुलाई 2025. कलेक्ट्रेट सभागार में दस्तक अभियान के तैयारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता करते हुए आयुक्त नगर निगम डॉ सौरभ सोनवड़े ने कहा कि जिले में 22 जुलाई से 16 सितम्बर तक डायरिया नियंत्रण तथा दस्तक अभियान चलाया जाएगा। अभियान में 5 साल तक के दो लाख 88 हजार 288 बच्चों के स्वास्थ्य की जाँच की जाएगी। इनमें से यदि कोई बच्चा गंभीर रूप से बीमार और कुपोषित पाया जाता है तो उसे तत्काल अस्पताल में भर्ती करके समुचित उपचार की सुविधा दी जाएगी। अभियान के दौरान पाँच साल तक के बच्चों को विटामिन ए की खुराक दी जाएगी तथा उनमें एनीमिया की जाँच भी की जाएगी। अभियान में मुख्य रूप से स्वास्थ्य विभाग तथा महिला एवं बाल विकास विभाग शामिल हैं। इसे सफल बनाने में ग्रामीण विकास विभाग, नगरीय निकाय, पीएचई तथा स्कूल शिक्षा विभाग भी पूरा सहयोग करे। दस्तक अभियान को सफल बनाने के लिए सभी विभाग समन्वय से प्रयास करें। अभियान के दौरान चिन्हित पाँच साल तक के सभी बच्चों की जाँच अनिवार्य रूप से कराएं।
बैठक में डॉ सोनवड़े ने कहा कि अभियान के दौरान तैनात दल प्रत्येक गांव में घर-घर भ्रमण करेंगे। भ्रमण के दौरान शिशुओं और गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य रक्षा एवं टीकाकरण के लिए परिवार को जागरूक करें। साफ-सफाई एवं पोषण आहार के संबंध में भी उन्हें उचित सलाह दें। अभियान के दौरान हाईरिस्क नवजात शिशुओं का चिन्हांकन करके उनके नियमित उपचार और फालोअप की व्यवस्थ सुनिश्चित करें। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला स्तर तथा विकासखण्ड स्तर पर टीमें तैनात करके अभियान की सतत मानीटरिंग करें। शिशु मृत्यु दर पर नियंत्रण के प्रयास दस्तक अभियान की सफलता से ही निर्धारित होंगे।
बैठक में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ संजीव शुक्ला ने बताया कि अभियान के लिए तैनात दलों को विकासखण्ड स्तर पर प्रशिक्षण दिया जा चुका है। अभियान के दौरान आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता तथा एएनएम घर-घर जाकर शिशुओं के स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी लेंगी। जिन घरों में पाँच वर्ष से कम आयु के बच्चे हैं वहाँ जिंक टेबलेट और ओआरएस की किट नि:शुल्क दी जाएगी। इनके उपयोग के लिए परिवार के सदस्यों को समझाइश दी जाएगी। अभियान के दौरान कुपोषित पाए गए बच्चों का चिन्हांकन कर उन्हें निकटतम पोषण पुनर्वास केन्द्र अथवा अस्पताल में भर्ती कराया जाएगा। अभियान के दौरान सम्पूर्ण टीकाकरण अभियान में छूटे हुए बच्चों का टीकाकरण भी किया जाएगा। अभियान के दौरान धात्री महिलाओं को शिशुओं को नियमित रूप से स्तनपान कराने तथा पूरक पोषण आहार के संबंध में भी प्रेरित किया जाएगा। अभियान के दौरान सभी स्कूलों में मध्यान्ह भोजन से पहले हाथ धुलाई अनिवार्य रूप से कराने पर विशेष बल दिया जाएगा। स्कूलों में विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से बच्चों की स्वास्थ्य रक्षा के संबंध में जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। बैठक में दस्तक अभियान के लिए की गई तैयारियों की जानकारी दी गई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मेहताब सिंह गुर्जर, अपर कलेक्टर श्रीमती सपना त्रिपाठी, संयुक्त कलेक्टर श्रेयस गोखले, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ संजीव शुक्ला तथा संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।